आज के डिजिटल दौर में ऑनलाइन शॉपिंग और डिजिटल पेमेंट तेजी से बढ़ रहे हैं। इसी के साथ एक नया Payment option भी लोकप्रिय हो रहा है, जिसे BNPL (Buy Now, Pay Later) कहा जाता है। यह सुविधा खासकर उन लोगों के लिए उपयोगी है, जो तुरंत खरीदारी करना चाहते हैं लेकिन पूरा पैसा उसी समय नहीं देना चाहते।
BNPL क्या है?
BNPL का पूरा नाम Buy Now, Pay Later है।
इसका मतलब है – अभी खरीदो, बाद में भुगतान करो।
BNPL एक प्रकार की डिजिटल क्रेडिट सुविधा है, जिसमें ग्राहक किसी प्रोडक्ट या सर्विस को तुरंत खरीद सकता है और उसका भुगतान कुछ दिनों बाद या आसान EMI में कर सकता है। इसके लिए क्रेडिट कार्ड होना जरूरी नहीं होता।
BNPL कैसे काम करता है?
BNPL की प्रक्रिया बहुत सरल होती है:
1. प्रोडक्ट का चयन
ग्राहक किसी ई-कॉमर्स वेबसाइट या ऐप पर अपनी पसंद का प्रोडक्ट चुनता है।
2. पेमेंट ऑप्शन में BNPL चुनना
Checkout के समय जब पेमेंट करने का विकल्प आता है, वहां BNPL / Pay Later का विकल्प दिखाई देता है।
3. KYC और क्रेडिट लिमिट
पहली बार इस्तेमाल करने पर:
- PAN / Aadhaar से KYC होती है
- BNPL कंपनी ग्राहक को एक निश्चित क्रेडिट लिमिट देती है
4. दुकानदार को तुरंत भुगतान
BNPL सर्विस देने वाली कंपनी, दुकानदार को पूरा पैसा तुरंत दे देती है।
5. ग्राहक बाद में भुगतान करता है
ग्राहक तय समय सीमा में:
- पूरा पैसा एक साथ, या
- EMI में
भुगतान करता है।
BNPL Option देने वाली कंपनियाँ
भारत में कई कंपनियाँ BNPL की सुविधा देती हैं, जैसे:
- Amazon Pay Later
- Flipkart Pay Later
- LazyPay
- Simpl
- ZestMoney
- PostPe
BNPL के फायदे
- क्रेडिट कार्ड की जरूरत नहीं
- जल्दी और आसान अप्रूवल
- कई मामलों में 0% ब्याज
- छोटे खर्चों के लिए सुविधाजनक
- ऑनलाइन शॉपिंग आसान बनती है
BNPL के नुकसान
- समय पर भुगतान न करने पर पेनल्टी
- जरूरत से ज्यादा खर्च करने की आदत
- देर से भुगतान करने पर CIBIL स्कोर खराब हो सकता है
- लिमिट सीमित होती है
BNPL और Credit Card में अंतर
| आधार | BNPL | क्रेडिट कार्ड |
|---|---|---|
| कार्ड की जरूरत | नहीं | हाँ |
| ब्याज दर | कम या 0% | ज्यादा |
| क्रेडिट लिमिट | सीमित | ज्यादा |
| भुगतान अवधि | कम समय | लंबा समय |
BNPL का सही उपयोग कब करें?
BNPL का इस्तेमाल तभी करना चाहिए जब:
- खर्च जरूरी हो
- भुगतान समय पर करने की क्षमता हो
अनावश्यक शॉपिंग के लिए BNPL का उपयोग करना भविष्य में वित्तीय परेशानी पैदा कर सकता है।
